Comprehension Passage
निम्नलिखिथ पद्यांश को पढ़कर प्रश्नों के उत्तर दीजिए।
आज कज्जल-अश्रुओं में रिमझिमा ले यह घिरा घन,
और होंगे नयन सूखे,
तिल बुझे औ' पलक रूखे,
आर्द्र-चितवन में यहाँ शत-विद्युतों में दीप खेला!
अन्य होंगे चरण हारे,
और हैं जो लौटते, दे शूल को संकल्प सारे;
दुखव्रती निर्माण-उन्मद;
यह अमरता नापते पद,
बाँध देंगे अंक-संसृति-से तिभिर में स्वर्ण-वेला !
दूसरी होगी कहानी,
शून्य में जिस के मिटे स्वर, धूलि में खोई निशानी,
आज जिस पर प्रलय विस्मित,
मैं लगाती चल रही नित,
मोतियों की हाट औ' चिनगारियों का एक मेला !
पद्यांश के अनुसार क्रम लगाइए:
आज कज्जल-अश्रुओं में ....................
(A) नयन सूखे
(B) अमरता नापते पद
(C) पलक रूके
(D) जिस पर प्रलय विस्मित
(E) रिमझिम ले यह घिरा घन
नीचे दिए गए विकल्पों में से सही उत्तर का चयन कीजिए।
1
(A), (B), (C), (D), (E)
2
(A), (E), (D), (C), (B)
3
(E), (A), (C), (B), (D)
4
(D), (B), (C), (A), (E)