"मैया कवहि बढ़ेगी चोटी |
किती बार मोहि दूध पिअत भई, यह अजहूँ है छोटी ||
तु जो कहति बल की बेनी ज्यौं, है है लाँबी मोटी |
काढत गुहत न्हवावत ओछत, नागिनि-सी भुइँ लोटी ||"
किस रस का उदाहरण है -
1
संयोग श्रृंगार रस
2
वात्सल्य रस
3
वियोग श्रृंगार रस
4
इनमें से कोई नहीं