'अशर्फियाँ लुटें और कोयले पर मोहर' लोकोक्ति का अर्थ क्या होगा ?
1
बड़े-बड़े खर्चों पर ध्यान न देना, छोटे में कंजूसी दिखाना ।
2
सराहना के बिना योग्यता का व्यर्थ हो जाना ।
3
स्वाभाविक दोषों का किसी अन्य कारण से और अधिक बढ़ जाना ।
4
एक वस्तु में होने वाला लाभ दूसरी वस्तु में हुई हानि में नष्ट हो जाना ।