Teaching RPSC School Lecturer Mock Test Series 2024 हिन्दी साहित्य हिन्दी साहित्य का इतिहास भक्तिकाल
माला तो कर में फिरे, जीभि फिरे मूंख मांहि। मनुवा तो चहुं दिसि फिरे, यह तो सुमिरन नाहि।। उपरोक्त पंक्तियों के मूल भाव को दर्शाने वाले विकल्प का चयन करें।
1
व्यक्ति को माला फेरते वक्त मन को चारों दिशाओं में फैलने देना चाहिए।
2
व्यक्ति को सुमिरन करते वक्त चारों दिशाओं का ध्यान करना चाहिए।
3
व्यक्ति को मन से भक्ति करनी चाहिए न कि दिखावे के लिए हाथ में माला लिए फिरना चाहिए।
4
व्यक्ति को हाथ में माला लिए फिरना चाहिए जिससे वह चारों दिशाओं का सुमिरन कर सके।
5
अनुत्तरित प्रश्न