Comprehension Passage
नीचे दिये गए पद्यांश को पढ़कर पूछे गये प्रश्नों के उत्तर दीजिए।
सिंही की गोद से
छीनता रे शिशु कौन?
मौन भी क्या रहती वह
रहते प्राण? रे अंजान!
एक मेषमाता ही
रहती है निनिर्मेष-
दुर्बल वह-
छिनती संतान जब
जन्म पर अपने अभिशप्त
तप्त आँसू बहाती है;-
किन्तु क्या,
योग्य जन जीता है।
पश्चिम की उक्ति नहीं-
गीता है, गीता है-
स्मरण करो बार-बार-
जागो फिर एक बार।
'निनिर्मेष' का आशय है:
1
आँख बंद रखना
2
पलक बार-बार गिराना
3
एकटक देखना
4
पलक बार-बार उठाना