Comprehension Passage
मानव का मन अत्यंत ____(1)____ होता है जब वह उसे लोभ और लालच की जंजीरों में जकड़ लेता है तो मनुष्य का ____(2)____ नष्ट हो जाता है तथा उसे प्रत्येक बुरा कार्य भी अच्छा लगने लगता है। वह सामाजिक नियमों के तोड़कर, कानून का उल्लंघन करके केवल अपने ____(3)____ के लिए अनैतिक कर्मों की और प्रवृत्त हो जाता है। मानव - निर्माता नीतियों नियमों का उल्लंघन करना ही भ्रष्टाचार है। मनुष्य और पशु में आहार, निद्रा, भय, मैथुन ये चार बातें सामान रूप से विद्द्यमान हैं। मनुष्य पशु से अगर किसी बात से श्रेष्ठ है तो वह उसका विवेक। विवेक ____(4)____ मनुष्य और पशु में कोई अंतर नहीं रह जाता। आज प्रत्येक मानुष ‘स्व’ की परिधि में जी रहा है उसे ‘पर’ की कोई चिंता नहीं जहाँ भी जिसका ____(5)____ लगता है, हाथ मार लेता है।
दिए गए अनुच्छेद में (5) से प्रदर्शित रिक्त स्थान पर निम्न में से कौनसा शब्द आएगा?
1
अंतर
2
चिंता
3
दांव
4
कानून