बाणभट्ट की आत्मकथा' में आई पंक्तियों को पहले से बाद के क्रम में व्यवस्थित कीजिए:
A. विहार से जब में बाहर निकला, तो चित्त प्रसन्न था।आती बार मैंने रास्ते की ओर दृष्टि ही नहीं दी थी।
B. निपुणिका आंगन के बाहर मेरी प्रतीक्षा कर रही थी। उसकी सखी बनकर मैं जब बाहर आया, तो ......
C. यद्यपि बाणभट्ट नाम से ही मेरी प्रसिद्धि है; पर यह मेरा वास्तविक नाम नहीं है।
D. निपुणिका ने अपनी स्वामिनी को छिपा रखने के लिए जिस स्थान को चुना था, उसके दर्शन - मात्र से मेरा ह्रदय बेठ गया।
E. भावी जीवन की रंगीन कल्पनाओं में डूबते - उतराते मनुष्य को आस पास देखने की फुरसत कहाँ होती है।
नीचे दिए गए विकल्पों में से सही उत्तर का चयन कीजिए:
1
B, E, C, A, D
2
C, E, B, D, A
3
C, B, E, D, A
4
B, C, E, A, D