यदि नागरिक समाज संगठन अस्तित्व में नहीं होते तो इसका संभावित परिणाम क्या होगा?
1
सरकार की जवाबदेही और पारदर्शिता में वृद्धि।
2
अनियंत्रित राज्य शक्ति जिससे संभावित अधिनायकवाद हो सकता है।
3
कम जनता की भागीदारी के साथ तेज़ निर्णय लेने की प्रक्रियाएँ।
4
स्वतंत्र संस्थानों द्वारा मीडिया पर अधिक नियंत्रण।