वैदिक बलिदान की प्रथा के बारे में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए :
1. श्रौत (वैदिक बलिदान) में तीन अग्नियों का प्रयोग होता था - गृहपत्य (गृहस्थ की अग्नि), आहवनीय (अर्पण की अग्नि) और दक्षिणाग्नि (दक्षिणी अग्नि)।
2. इन अग्नियों को विभिन्न आकार के गड्ढों में स्थापित किया जाना था, जैसे कि गृहपत्य चौकोर, आहवनीय गोल और दक्षिणाग्नि आयताकार।
उपर्युक्त में से कौन सा/से कथन सही है/हैं?
1
केवल 1
2
केवल 2
3
1 और 2 दोनों
4
न तो 1, न ही 2