निम्नलिखित परिच्छेदों को पढ़िए और उनके नीचे दिए गए प्रश्नांशों के उत्तर दीजिए। इन प्रश्नांशों के लिए आपके उत्तर केवल इन परिच्छेदों पर ही आधारित होने चाहिए।
अगर उपहार अब, जबकि हम बड़े हो चुके हैं, हममें कम रोमांच पैदा करते हैं, तो शायद यह इसलिए है कि हमारे पास पहले से ही बहुत कुछ है; या शायद यह इसलिए है कि हम देने के आनंद की पूर्णता को, और इसके साथ ही पाने के आनंद की पूर्णता को भी, खो चुके हैं। बच्चों के डर पैने होते हैं, उनके दुःख तीव्र होते हैं, लेकिन वे बहुत आगे तक या बहुत पीछे तक नहीं देख पाते। उनके आनंद स्पष्ट और पूर्ण होते हैं, क्योंकि अभी उन्होंने हर विचारार्थ विषय पर हमेशा 'किन्तु' जोड़ना नहीं सीखा है। सम्भवतः हम अत्यधिक सावधान, अत्यधिक आशंकित, अत्यधिक संशयी हैं। शायद हमारी कुछ परेशानियाँ घट जाएँ अगर हम उनके विषय में कम सोचें, और अपने मार्ग में आने वाली खुशी का आनंद अधिक एकनिष्ठ होकर उठाए।
इस परिच्छेद का सन्दर्भ लेते हुए निम्नलिखित कथनों में से कौन-सा एक सही है?