भारतीय न्याय संहिता के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
कथन-I: भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 152 में ‘भारत की संप्रभुता, एकता और अखंडता को खतरे में डालने वाले कार्यों’ को अपराध घोषित किया गया है।
कथन-II: धारा 152 के अंतर्गत इस तरह की संकटग्रस्तता को क्या माना जाएगा, इसकी परिभाषा विधान में दी गई है।
उपरोक्त कथनों के संबंध में निम्नलिखित में से कौन-सा सही है?
1
कथन-I और कथन-II दोनों सही हैं और कथन-II, कथन-I की सही व्याख्या है।
2
कथन-I और कथन-II दोनों सही हैं, लेकिन कथन-II, कथन-I की सही व्याख्या नहीं है।
3
कथन-I सही है, लेकिन कथन-II गलत है।
4
कथन-I गलत है, लेकिन कथन-II सही है।