इस गद्यांश को पढ़ें और इसके बाद दिए गए प्रश्नों के उत्तर दीजिए:
मस्तिष्क के लिए पठन का वही महत्त्व है, जो शरीर के लिए व्यायाम का है। इस पंक्ति को पठन के महत्व वर्णन के लिए प्रायः उपयोग किया गया है। पठन का आनंद शब्दों में अभिव्यक्त नहीं किया जा सकता। यह कुछ ऐसा है जिसको केवल अनुभव से समझा जा सकता है। वर्ष 2016 के एक अध्ययन ने यह उजागर किया कि जो व्यक्ति प्रतिदिन न्यूनाताम 30 मिनट से अधिक तक पठन करते हैं, उनके द्वारा एक अधिक दीर्घायु जीवन का आनंद प्राप्त करने की अधिक संभावना होती है। पठन के अनेक लाभ हैं क्योंकि यह हमें नी शब्दावली सिखाता है, हमारे फोकस एवं कल्पना में सुधार लाता है, हमें अधिक स्मार्ट बनाता हाउ और सर्वाधिक महत्वपूर्ण रूप में स्मृति में सुधार करता है। जो व्यक्ति पठन के आदी हैं, वे पुस्तकों के साथ सहज महसूस करते हैं। यह सुगम बनाता है एवं तनाव से छुटकारा दिलाता है। व्यक्ति प्रायः अपनी दैनिक चर्या से थक जाते हैं। पठन कुछ ऐसा है, जो हमें उन अन्य चीजों को भुला सकता है, जो हमारे 'स्ट्रेस' (दबाव) का कारण बनते हैं और यह योग की तरह अपने मस्तिष्क को पूर्ण आराम प्रदान करता है। यह व्यक्ति को कल्पना लोक के प्रति उद्भासित करता है, जहाँ कोई माता - पिता एवं शिक्षकों से अभिप्रेरणा अत्यंत आवश्यक है । कोई संदेह नहीं कि पुस्तकें एक पाठक की निष्ठावान मित्र हैं। ये कभी विश्वासघात नहीं करतीं और सदेव साथ देती हैं। हमें इसे कदापि खत्म नहीं होने देना चाहिए।