निम्नांकित गद्यांश को ध्यानपूर्वक पढ़िए और दिए गए प्रश्नों के उत्तर दीजिए :
उसे रैम्सडेन द्वारा आठ-इंच का हेडली षष्ठक (सेक्सटैंट) प्रदान किया था जिसमें बीस सैकिंड के अन्तराल में अँशांकित रजत वृत्त था और दो-इंच का ट्रफटन सेक्सटैंट जो एक तरह का पॉकेट संस्करण जिसे स्नफबॉक्स सेक्सटैंट का नाम दिया गया था। यह बहुत सटीक था और दुर्गम्य क्षेत्र में इसे लेकर जाना सुगम था। उसके प्रस्थान से पूर्व उसके बैरोमीटर और थर्मामीटर को पेरिस वैद्यशाला के अनुसार मानकीकृत किया गया था। देशांतर निर्धारण डोलोंड दूरबीन (टेलिस्कोप) और बर्थोड के कालमापी (क्रोनोमीटर) से किए गए थे जिसके परिवर्त्य की दर की ध्यानपूर्वक जाँच की गई थी। स्पंजी गोले; स्ट्रॉ और स्वर्ण-पत्रक युक्त तीन प्रकार के इलेक्ट्रोमीटर (विद्युतमापी) से वह वायुमंडलीय वैद्युत का अवलोकन कर पाए । उसके पास समुद्री जल के विशिष्ट गुरुत्व के मापन के लिए डोलोंड बैलेंस, वायुमंडलीय गैसों के विश्लेषण के लिए यूडोमीटर, एक लेडेन जार और आवश्यक रसायन तथा काँच के बोतल के साथ-साथ सास्यूर द्वारा अभिकल्पित सायनोमीटर (नीलिमामापी) भी उपलब्ध था। यह ऐसा यंत्र था जिससे नीले रंगों के तैयार अंशांकन ( श्रेणीकरण) से तुलना तथा आर्द्रतामापी द्वारा अवधारित आर्द्रता से सह संबंधित कर आकाश के नीलेपन को निर्धारित किया जा सकता था । अपेक्षाकृत थोड़े जटिल यंत्र बोर्डा चुम्बकमापी से चुंबकीय मापन किया गया।