नीचे दो कथन दिए गए हैं:
कथन I: शास्त्रीय भारतीय तर्कवेता नैयायिक अनुमानिक संज्ञान का मनोवैज्ञानिक विवरण प्रदान करते हैं।
कथन II: नैयायिकों के अनुसार अनुमिति की तार्किक संरचना यह अभ्यावेदित नहीं करती है कि कैसे अनुमानित करना चाहिए बल्कि हम किस तरह वस्तुत अनुमान लगाते हैं।
उपर्युक्त कथनों के आलोक में निम्नलिखित विकल्पों में से सही उत्तर चुनिए:
1
कथन I और II दोनों सत्य हैं।
2
कथन I और II दोनों असत्य हैं।
3
कथन I सत्य है, किन्तु कथन II असत्य है।
4
कथन I गलत है, किन्तु कथन II सत्य है।