निर्देश: निम्नलिखित गद्यांश को पढ़कर पूछे गए प्रश्नों के सर्वाधिक उचित उत्तर वाले विकल्प का चयन कीजिए-
शिक्षा आद्यन्त एक प्रवर्धमान प्रक्रिया है। वह कुछ चाहती है, कुछ माँगती है। उसे भी कभी भूख लगती है, कभी प्यास लगती है। वह कभी मनभावन चीजों को देखना चाहती है। कभी मनोरम दृश्यों में विचरना चाहती है। शिक्षा कोई निर्जीव वस्तु नहीं है। वह जीती-जागती, निरंतर नवीन होती, और प्रतिदिन अपने पालन-पोषण के लिए नये व्यंजनों की चाहत रखने वाली एक सुन्दर सी रचना है। यह हमारे बालकों का और तदनंतर हमारे समाज का भला तभी कर सकती है जब उसे नित नया पोषण मिले और बढ़ने का पूरा खुला अवकाश मिले। यह ऐसा नहीं होता तो शिक्षा मन मसोस कर रह जाती है। वस्तुतः कोई भी राष्ट्र अपनी सुरक्षा को भी केवल पुलिस और सेना पर नहीं छोड़ सकता है। बहुत बड़ी सीमा तक राष्ट्रीय सुरक्षा का आधार है- नागरिकों की शिक्षा उनका चरित्र और उनकी अनुशासन की भावना ।