Comprehension Passage
निर्देश: काव्यांश को पढ़कर पूछे गए प्रश्नो के सबसे उचित उत्तर वाले विकल्प का चयन कीजिए-
संकटों से वीर घबराते नहीं,
आपदाएँ देख छिप जाते नहीं।
लग गए जिस काम में, पूरा किया,
काम करके व्यर्थ पछताते नहीं।
हो सरल अथवा कठिन हो रास्ता,
कर्मवीरों को न इससे वास्ता।
बढ़ चले तो अंत तक ही बढ़ चले,
कठिनतर गिरिश्रृंग ऊपर चढ़ चले।
कठिन पथ को देख मुस्काते सदा,
संकटों के बीच वे गाते सदा।
है असंभव कुछ नहीं उनके लिए,
सरल-संभव कर दिखाते वे सदा।
यह असंभव कायरों का शब्द है,
कहा था नेपोलियन ने एक दिन।
सच बताऊँ, जिंदगी ही व्यर्थ है,
दर्प बिन, उत्साह बिन, औ शक्ति बिन।
लोकोक्ति "अपनी टांग उघारिये आपहि मरिए लाज" का निम्न में से क्या अर्थ है?
1
अपने घर की बात दुसरों से कहने पर बदनामी होती है।
2
असंभव बातें करना
3
उत्साह से रहित होना या भयभीत होना
4
श्रम करके दिमाग का थक जाना