निर्देशः निम्नलिखित जानकारी का अध्ययन कीजिए और नीचे दिए गए प्रश्नों के उत्तर दें।
हम इस बात को जानते हैं कि तुम हमारे प्रेम के कारण वनवास कष्टों को सहन करने के लिये तैयार हो, लेकिन घर पर रह कर हमारे साथ स्नेह की तुम और भी अधिक रक्षा कर सकती हो। सबसे बड़ी बात यह है कि हमारे रहने पंर माँ जब व्याकुल होंगी, तब तुम संतोषजनक बातें कहकर उन्हें समझानां। लेकिन सीता पर इन बातों का कुछ भी प्रभाव न पड़ा। सीता साधारण स्त्री न थीं, वे अपने कर्तव्य को समझती थीं। इसलिए इन सभी बातों के उत्तर देकर वे वनवास के लिए अपनी इच्छा को तोड़ न सकी।
यहाँ यह बात बताने की आवश्यकता नहीं है कि सीता को जो यह अमर कीर्ति प्राप्त हुई. प्रत्येक स्त्री के लिए वें प्रातःस्मरणीय हो सकी - इसका कारण यह नहीं है कि वे राजा जनक की बेटी थीं और राजा दशरथ की पुत्र-वधू थीं। रामचन्द्र की पत्नी होना भी उनका कोई विशेष कारण नहीं है। उस कीर्ति का एक मात्र कारण है अपने धर्म और कर्तव्य के लिए उनका कष्ट-सहन। अपनी सत्य-निष्ठा और धर्म-परायणता, चरित्र-बल और कष्ट-सहन के लिए उनकों जो अमर कीर्ति संसार के इतिहास में मिल सकी, उसको बताने की आवश्यकता नहीं।