'यदि विद्यार्थी कुसमायोजन से बच रहे हों, पढ़ने की ओर उनकी रुचि वृद्धि हो रही हो, उनके व्यवहार में यथा परिवर्तन हो रहा है, तो निम्नलिखित शिक्षण कारगर समझना चाहिए :
1
क्रियात्मक अनुसंधान।
2
उपचारात्मक शिक्षण।
3
इकाई पाठ योजना का अभाव।
4
विद्यालय निर्माण समिति।
5
अनुत्तरित प्रश्न