कनक कनक ते सौगुनी, मादकता अधिकाय।
वा खाये बौराय नर, वा पाये बौराय।।
यहाँ कनक शब्द की दो बार आवृत्ति हुई है जिसमे एक कनक का अर्थ है- .............................और दूसरे का स्वर्ण है।
1
चांदी
2
पीतल
3
धतूरा
4
पत्थर