निम्न पंक्तियाँ किस छंद की हैं ?
सुखी मीन जे नीर अगाधा, जिमि हरिशरण न एकउ बाधा।
मीन विलग जल से जब होती, तड़प तड़प निज जीवन खोती।।
1
दोहा
2
सोरठा
3
चौपाई
4
रोला
निम्न पंक्तियाँ किस छंद की हैं ?
सुखी मीन जे नीर अगाधा, जिमि हरिशरण न एकउ बाधा।
मीन विलग जल से जब होती, तड़प तड़प निज जीवन खोती।।