अंखियाँ हरि-दरसन की भूखी।
कैसे रहें रूप-रस राँची ए बतियाँ सुनि रूखीं ॥
उपर्युक्त पंक्तियो में कौन-सा रस है?
1
वियोग श्रृंगार रस
2
करूण रस
3
वीभत्स रस
4
भक्ति रस
5
उपर्युक्त में से कोई नहीं