"उधर गरजती सिंधु लहरियाँ कुटिल काल के जालों सी।
चली आ रहीं फेन उगलती फन फैलाये व्यालों - सी।।" में कौन-सा रस है?
1
वीभत्स
2
भयानक
3
अद्भुत
4
रौद्र
5
अनुत्तरित प्रश्न
"उधर गरजती सिंधु लहरियाँ कुटिल काल के जालों सी।
चली आ रहीं फेन उगलती फन फैलाये व्यालों - सी।।" में कौन-सा रस है?