मेरे तो गिरिधर गोपाल, दूसरो न कोई ।
जाके सिर मोर मुकुट, मेरो पति सोई ।।
उपर्युक्त पंक्तियों में कौन सा रस है।-
1
शांत रस
2
श्रृंगार रस
3
करुण रस
4
हास्य रस
5
अनुत्तरित प्रश्न
मेरे तो गिरिधर गोपाल, दूसरो न कोई ।
जाके सिर मोर मुकुट, मेरो पति सोई ।।
उपर्युक्त पंक्तियों में कौन सा रस है।-