Comprehension Passage
निर्देश: निम्नलिखित काव्यांश को पढकर पूछे गए प्रश्नों के सही/सबसे उपयुत्त उत्तर वाले विकल्प को चुनिए।
पंखों से रे, फैले फैले ताड़ों के दल,
लंबी-लंबी अँगुलियाँ हैं चौड़े करतल ।
तड़-तड़ पड़ती धार वारि की उन पर चंचल,
टप-टप झरतीं कर मुख से जल बूँदें झलमल।
नाच रहे पागल हो ताली दे दे चल-दल,
झूम-झूम सिर नीम हिलाती सुख से विह्वल।
झरते हरसिंगार, बेला कलि बढ़ती पल पल,
हँसमुख हरियाली में खग कुल गाते मंगल।
कविता में ‘वारि' से तात्पर्य है
1
बारिश
2
तलवार
3
खड्ग
4
जल