Comprehension Passage
उठ किसान ओ, उठ किसान ओ,
बादल घिर आए हैं
तेरे हरे-भरे सावन के
साथी ये आए हैं
आसमान भर गया देख तो
इधर देख तो, उधर देख तो
नाच रहे हैं उमड़-घुमड़ कर
काले बादल तनिक देख तो
तेरे प्राणों में भरने को
नए राग लाए हैं
यह संदेशा लेकर आई
सरस मधुर, शीतल पुरवाई
तेरे लिए, अकेले तेरे
लिए, कहाँ से चलकर आई
फिर वे परदेसी पाहुन, सुन,
तेरे घर आए हैं
उपर्युक्त पद्यांश को पढ़कर नीचे पूछे जाने वाले प्रश्न का उत्तर बताइए ।
बादल किसान के लिए क्या लाये हैं ?
1
नया राग
2
विलास
3
भोग
4
अपमान
5
उत्तर नहीं देना चाहते