Teaching Haryana (HPSC) Assistant Professor Mock Test 2025 हिन्दी साहित्य भारतीय काव्यशास्त्र पाश्चात्य ग्रन्थ और आचार्य
अस्तित्ववाद के संबंध में सही नहीं है?
1
अस्तित्ववादी के लिए आदर्श पूर्वनिर्धारित होते है, व्यक्ति पहले ही उसका निर्धारण कर लेता है।
2
अस्तित्ववादी सार, संभावनाओं को अधिक महत्व नहीं देता; उसकी रुचि तो उन पदार्थों में है जिनका अस्तित्व है।
3
सार्त्र चुनाव को चिंतन का परिणाम नहीं मानता।
4
अस्तित्ववादी मानव शरीर को महत्वहीन नहीं मानते है बल्कि अस्तित्व का अनिवार्य तथा स्थायी हेतु स्वीकार करते हैं।
5
अनुत्तरित प्रश्न