Teaching UGC NET Mock Test Series 2025 (Paper 1 & 2) हिन्दी साहित्य का इतिहास हिन्दी साहित्य के स्मरणीय तथ्य
मुक्तिबोध ने साहित्य की हर विधा को इतना तोड़ दिया है कि रचना स्वयं अपने मूल्यों को ललकारने लगती है, कविता बढ़ते बढ़ते डायरी हो जाती है और डायरी चलते चलते कहानी हो जाती है।"
मुक्तिबोध के रचना शिल्प के बारे में यह कथन किस साहित्यकार का है?
1
अशोक वाजपेयी
2
नेमिचन्द्र जैन
3
शमशेर बहादुर सिंह
4
श्रीकांत वर्मा