Teaching UGC NET Mock Test Series 2025 (Paper 1 & 2) हिन्दी साहित्य साहित्य का इतिहास हिन्दी साहित्य के स्मरणीय तथ्य
"सतपुड़ा के घने जंगल / नींद में डूबे हुए से,
ऊँघते अनमने जंगल।
झाड़ ऊँचे और नीचे / चुप खड़े हैं आंख मीचे,
घास चुप है, काश चुप है। मूक शाल, पलाश चुप है;
बन सके तो धँसो इनमें, / धँस न पाती हवा जिनमें ....."
उपर्युक्त काव्य पंक्तियों का आशय है:
1
जंगल घना और भयावह है।
2
जंगल में जीवन का कोई निशान नहीं है।
3
यहाँ जंगल केवल जंगल नहीं, जीवन की चुनौती है।
4
यह जंगल केवल योगी-यतियों के लिए उपयुक्त है।