'सुनी है कै नाहीं यह प्रगट कहावति जू, काहू कल्पाय है सु कै कल पाय है।'
- घनानंद की इस पंक्ति में कौन-सा अलंकार है?
1
सन्देह
2
भ्रान्तिमान
3
यमक
4
श्लेष
'सुनी है कै नाहीं यह प्रगट कहावति जू, काहू कल्पाय है सु कै कल पाय है।'
- घनानंद की इस पंक्ति में कौन-सा अलंकार है?